
बीएनटी न्यूज़
यांगून। विनाशकारी भूकंप के बाद म्यांमार के ने प्यी ताव इंटरनेशनल एयरपोर्ट और मांडले इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर स्थानीय यात्रा सेवाएं फिर से शुरू होने वाली हैं।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने गुरुवार को म्यांमार रेडियो और टेलीविजन से मिली जानकारी का हवाला देते हुए बताया कि भूकंप के बाद दोनों एयरपोर्ट पर अस्थायी रूप से उड़ानें रोक दी गईं।
नागरिक उड्डयन विभाग के अनुसार, मांडले इंटरनेशनल एयरपोर्ट 4 अप्रैल को स्थानीय समयानुसार सुबह 6 बजे फिर से खुलेगा। इसके अलावा ने प्यी ताव इंटरनेशनल एयरपोर्ट 5 अप्रैल को स्थानीय समयानुसार सुबह 6 बजे परिचालन दोबारा शुरू करेगा।
म्यांमार में शुक्रवार को आए 7.7 तीव्रता के विनाशकारी भूकंप के बाद के भी झटकों (आफ्टरशॉक) का सिलसिला जारी है। देश के मौसम विज्ञान और जल विज्ञान विभाग के अनुसार, गुरुवार सुबह तक 2.8 से 7.5 तीव्रता के 66 झटके महसूस किए गए।
राज्य प्रशासन परिषद सूचना टीम के अनुसार, भूकंप में मरने वालों की संख्या बढ़कर 3,085 हो गई है, 4,715 लोग घायल हुए हैं और 341 अभी भी लापता हैं।
इस बीच, राज्य प्रशासन परिषद (एसएसी) के अध्यक्ष मिन आंग ह्लाइंग ने कहा कि म्यांमार सरकार भूकंप राहत और पुनर्वास प्रयासों के लिए 500 अरब क्यात (लगभग 238.09 मिलियन डॉलर) आवंटित करेगी।
सरकारी दैनिक ‘द ग्लोबल न्यू लाइट ऑफ म्यांमार’ की रिपोर्ट के अनुसार, म्यांमार के नेता ने यह बयान मंगलवार को ने-पी-ताव में एक नकद दान समारोह में दिया। कार्यक्रम में शुभचिंतकों ने 104.44 बिलियन क्याट (49.71 मिलियन डॉलर) नकद और 12.4 बिलियन क्याट (5.9 मिलियन डॉलर) मूल्य की गैर-नकद वस्तुएं दान कीं।
शुक्रवार को म्यांमार में आए घातक भूकंप के बाद, सैन्य शासक मिन आंग ह्लाइंग ने अंतरराष्ट्रीय मदद की अपील की।
31 मार्च तक 16 देशों, क्षेत्रों से बचाव दल, डॉक्टर और नर्सें मानवीय सहायता, मेडिकल सप्लाई के साथ म्यांमार पहुंच चुकी हैं।
स्थानीय दैनिक ‘म्यांमा एलिन’ के अनुसार, म्यांमार में आए 18 शक्तिशाली भूकंपों में से 7.7 तीव्रता का भूकंप दूसरा सबसे शक्तिशाली भूकंप था। इससे पहले 1912 में देश में 8.0 तीव्रता का भूकंप आया था।